बिहार के कटिहार जिले में गुरुवार को छात्र प्रदर्शन उस समय हिंसक हो गया जब बिना अनुमति निकाले गए विरोध मार्च के दौरान कुछ असामाजिक तत्वों ने समाहरणालय पहुंचकर कलेक्ट्रेट का गेट तोड़ने का प्रयास किया और पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों पर पथराव कर दिया। घटना में ड्यूटी पर तैनात एक मजिस्ट्रेट और कुछ पुलिसकर्मियों को मामूली चोटें आईं, जिसके बाद पुलिस ने हालात काबू में करने के लिए सीमित बल प्रयोग किया।
कटिहार के एसपी परिचय कुमार ने बताया कि पुलिस ने पहले लाउडस्पीकर के जरिए प्रदर्शनकारियों को चेतावनी दी और उसके बाद तय प्रक्रिया के तहत कार्रवाई करते हुए 15 से 20 मिनट के भीतर पूरे इलाके को नियंत्रित कर लिया। मौके से 14 उपद्रवियों को गिरफ्तार किया गया है, जबकि सीसीटीवी, ड्रोन और वीडियो फुटेज के आधार पर 25 से अधिक लोगों की पहचान कर ली गई है। उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है।

जिलाधिकारी आशुतोष द्विवेदी और एसपी ने कहा कि पुलिस और प्रशासन ने संयम और पेशेवर तरीके से स्थिति को संभाला तथा अनावश्यक बल प्रयोग से बचते हुए कानून-व्यवस्था बहाल की। घटना के बाद शहर में सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेने के लिए अधिकारियों ने भारी पुलिस बल के साथ फ्लैग मार्च निकाला और लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की।
प्रशासन ने छात्रों और युवाओं से अफवाहों से दूर रहने और अपनी मांगों को संवैधानिक व शांतिपूर्ण तरीके से उठाने की अपील की है। साथ ही चेतावनी दी है कि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने या कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी, जिसका असर उनके भविष्य और सरकारी नौकरी के अवसरों पर भी पड़ सकता है।
@MUSKAN KUMARI






