ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और ‘6 करोड़ लखपति दीदी’ के राष्ट्रीय लक्ष्य को हासिल करने के उद्देश्य से गया स्थित बीपार्ड (BIPARD) में दो दिवसीय क्षेत्रीय कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय और बिहार की ‘जीविका’ संस्था के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित इस कार्यशाला में वित्तीय वर्ष 2026-27 की कार्ययोजना और पांच वर्षीय रोडमैप तैयार किया गया।
कार्यशाला में केंद्रीय ग्रामीण विकास सचिव रोहित कंसल, बिहार ग्रामीण विकास विभाग के प्रधान सचिव पंकज कुमार, संयुक्त सचिव स्वाति शर्मा, जीविका के सीईओ हिमांशु शर्मा सहित विभिन्न राज्यों के वरिष्ठ अधिकारियों और विशेषज्ञों ने भाग लिया। कृषि, गैर-कृषि आजीविका और डिजिटल प्रबंधन सूचना प्रणाली (MIS) को मजबूत बनाने पर व्यापक मंथन हुआ।

इस दौरान ‘Fostering Pathways for Rural Transformation’ पुस्तक का विमोचन किया गया और बिहार की ‘जीविका’ तथा अरुणाचल प्रदेश राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के बीच ज्ञान और संस्थागत सहयोग को बढ़ावा देने के लिए एक महत्वपूर्ण एमओयू (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए। साथ ही, महिलाओं के कौशल विकास के लिए ‘सेंटर ऑफ एक्सीलेंस’ स्थापित करने का प्रस्ताव भी रखा गया।
समापन सत्र में केंद्रीय ग्रामीण विकास सचिव रोहित कंसल ने हाल ही में 3 करोड़ लखपति दीदी का लक्ष्य हासिल होने पर खुशी जताई और विश्वास व्यक्त किया कि महिला स्वयं सहायता समूहों की भागीदारी से 6 करोड़ लखपति दीदी का लक्ष्य भी समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा।
@MUSKAN KUMARI






