बिहार की राजनीति के लिए मंगलवार का दिन बेहद अहम बन गया है। राजधानी पटना में भाजपा कार्यालय से लेकर सत्ता के गलियारों तक सियासी गतिविधियां चरम पर हैं। इसी बीच भाजपा संगठन के राष्ट्रीय महामंत्री B. L. Santosh के पटना पहुंचने से राजनीतिक सरगर्मी और तेज हो गई है।
पटना एयरपोर्ट पर उनका स्वागत भाजपा प्रदेश अध्यक्ष Sanjay Saraogi और बिहार सरकार के मंत्री Mangal Pandey समेत कई वरिष्ठ नेताओं ने किया। हालांकि, उपमुख्यमंत्री Samrat Choudhary की गैरमौजूदगी ने राजनीतिक चर्चाओं को और हवा दे दी है।
सूत्रों के मुताबिक, सम्राट चौधरी सुबह-सुबह मुख्यमंत्री आवास पहुंचे, जहां उनकी Nitish Kumar से मुलाकात हुई। इस बैठक को सत्ता परिवर्तन की प्रक्रिया से जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि, हाल तक मुख्यमंत्री पद की दौड़ में सबसे आगे माने जा रहे सम्राट चौधरी के नाम को लेकर अब संशय की स्थिति बन गई है और सूत्रों के हवाले से उनके रेस से बाहर होने की चर्चा तेज है।
बताया जा रहा है कि आज भाजपा के लिए निर्णायक दिन है, क्योंकि पार्टी विधायक दल की बैठक में नए नेता का चयन किया जा सकता है। केंद्रीय नेतृत्व की मौजूदगी में होने वाली इस बैठक के बाद मुख्यमंत्री के नाम की औपचारिक घोषणा की संभावना है।
पटना में लगातार शीर्ष नेताओं का जमावड़ा इस बात का संकेत दे रहा है कि पार्टी नेतृत्व कोई बड़ा फैसला लेने की तैयारी में है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यदि सब कुछ तय योजना के अनुसार हुआ, तो बिहार में पहली बार भाजपा सीधे सत्ता के केंद्र में आ सकती है।
फिलहाल, पूरे राज्य की निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि आखिर बिहार की कमान किसे सौंपी जाएगी।
@MUSKAN KUMARI






