बिहिया/भोजपुर:
भोजपुर जिले के बिहिया नगर पंचायत की राजनीति में बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। बिहार राज्य निर्वाचन आयोग ने बिहिया नगर पंचायत के मुख्य पार्षद सचिन गुप्ता की सदस्यता रद्द कर दी है। यह कार्रवाई उपमुख्य पार्षद द्वारा लगाए गए आरोपों और की गई शिकायत के बाद हुई। आयोग के इस फैसले के बाद नगर पंचायत की सियासत में हलचल तेज हो गई है।
जानकारी के अनुसार, उपमुख्य पार्षद की ओर से मुख्य पार्षद पर पद के दुरुपयोग, कार्यों में अनियमितता और नगर पंचायत की बैठकों के संचालन में नियमों की अनदेखी करने जैसे गंभीर आरोप लगाए गए थे। मामले की शिकायत संबंधित अधिकारियों तक पहुंची, जिसके बाद इसकी जांच कराई गई। जांच रिपोर्ट और उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर बिहार राज्य निर्वाचन आयोग ने सुनवाई पूरी करते हुए मुख्य पार्षद की सदस्यता समाप्त करने का फैसला सुनाया।

बताया जा रहा है कि आयोग ने दोनों पक्षों को अपना पक्ष रखने का अवसर भी दिया था। जिला प्रशासन की रिपोर्ट को भी इस मामले में महत्वपूर्ण आधार माना गया। फैसले के बाद मुख्य पार्षद समर्थकों में नाराजगी देखी जा रही है, जबकि विरोधी गुट इसे पारदर्शिता और जवाबदेही की दिशा में बड़ा कदम बता रहा है।
अब नगर पंचायत में नए राजनीतिक समीकरण बनने की चर्चा शुरू हो गई है। स्थानीय लोगों की नजर आगे होने वाली प्रशासनिक और राजनीतिक गतिविधियों पर टिकी हुई है।
@MUSKAN KUMARI







