बिहार पुलिस महकमे में नियमों से कथित छेड़छाड़ के मामले में बड़ा प्रशासनिक एक्शन लिया गया है। भारतीय न्याय संहिता (BNS) की एक धारा में कथित बदलाव किए जाने के आरोप में मुजफ्फरपुर जिले के पानापुर करियात थाना की थाना प्रभारी सुचित्रा कुमारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। यह कार्रवाई बिहार के पुलिस महानिदेशक (DGP) के निर्देश पर की गई है। साथ ही उनके खिलाफ विभागीय कार्यवाही शुरू करते हुए स्पष्टीकरण भी मांगा गया है।
जानकारी के अनुसार, पानापुर करियात थाना से जुड़े एक मामले में वादी द्वारा पुलिस मुख्यालय को शिकायत भेजी गई थी। शिकायत मिलने के बाद पुलिस मुख्यालय ने मामले की जांच कराई। जांच के दौरान थाना प्रभारी के आचरण को प्रथमदृष्टया संदिग्ध पाया गया, जिसके बाद पुलिस मुख्यालय ने सख्त रुख अपनाया।
जांच रिपोर्ट में सामने आया कि संबंधित कांड में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की अंकित एक धारा को काटकर उसमें कथित रूप से बदलाव किया गया और उसके नीचे दोबारा लघु हस्ताक्षर किए गए। जांच अधिकारियों ने इसे प्रथमदृष्टया गंभीर अनियमितता माना और इसे विभागीय नियमों के उल्लंघन की श्रेणी में रखा।

डीजीपी के निर्देश और जांच प्रतिवेदन के आधार पर मुजफ्फरपुर के वरीय पुलिस अधीक्षक कांतेश कुमार मिश्रा ने थाना प्रभारी सुचित्रा कुमारी को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। साथ ही उनके विरुद्ध विभागीय जांच प्रारंभ करते हुए निर्धारित समय सीमा के भीतर स्पष्टीकरण देने का निर्देश जारी किया गया है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि विभागीय जांच में यदि आरोप सही पाए जाते हैं तो नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल पूरे मामले की विस्तृत जांच जारी है और सभी तथ्यों की गहन पड़ताल की जा रही है।
इस कार्रवाई को बिहार पुलिस मुख्यालय का स्पष्ट संदेश माना जा रहा है कि एफआईआर, केस डायरी या कानूनी धाराओं में किसी भी प्रकार की कथित अनियमितता या छेड़छाड़ को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। पुलिस महकमे में पारदर्शिता, जवाबदेही और विधिसम्मत कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए ऐसे मामलों में सख्त रुख जारी रहेगा।
@MUSKAN KUMARI






