बिहार विधान परिषद में जेडीयू के वरिष्ठ सदस्य Khalid Anwar के सरकारी आवास पर सोमवार को अल्पसंख्यक समुदाय के प्रमुख लोगों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में बिहार के उपमुख्यमंत्री Vijay Kumar Chaudhary और विधान पार्षद खालिद अनवर मुख्य रूप से मौजूद रहे।
बैठक के दौरान अल्पसंख्यक समुदाय के प्रतिनिधियों और सरकार के शीर्ष नेतृत्व के बीच विभिन्न सामाजिक, राजनीतिक और समसामयिक मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई। मुलाकात के बाद पत्रकारों से बातचीत में विजय चौधरी ने कहा कि यह कोई औपचारिक राजनीतिक बैठक नहीं थी, बल्कि समाज के प्रबुद्ध लोगों के साथ एक सौहार्दपूर्ण संवाद था।
उन्होंने कहा कि समुदाय के लोगों ने स्पष्ट रूप से कहा है कि अब वे “दिखावे की राजनीति” नहीं करेंगे। जो उनके विकास, अधिकार और सामाजिक उत्थान के लिए जमीनी स्तर पर काम करेगा, आने वाले समय में वे उसी के साथ मजबूती से खड़े रहेंगे।

उपमुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन यानी एनडीए के प्रति अल्पसंख्यक समुदाय का बढ़ता भरोसा खुशी और संतोष की बात है। उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री Nitish Kumar के नेतृत्व में एनडीए सरकार ने हमेशा अल्पसंख्यक कल्याण के लिए ऐतिहासिक कार्य किए हैं और समुदाय के लोगों ने सरकार की योजनाओं पर संतोष जताया है।
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पत्रकारों ने पूर्व सांसद Anand Mohan के हालिया विवादित बयान को लेकर भी सवाल पूछा। हालांकि विजय चौधरी ने इस मुद्दे पर टिप्पणी करने से बचते हुए बार-बार कहा, “हमने उनका बयान नहीं देखा है।”
इसके अलावा, दूसरे उपमुख्यमंत्री Samrat Choudhary द्वारा बिहार से बाहर गए प्रवासी मजदूरों और युवाओं को वापस बुलाने संबंधी बयान का भी विजय चौधरी ने समर्थन किया। उन्होंने कहा कि राज्य में उद्योगों और निवेश के बढ़ने से रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे, जिससे बिहार के युवाओं को बाहर जाने की जरूरत कम पड़ेगी।
उन्होंने कहा कि जैसे-जैसे बिहार में उद्योगों का विस्तार होगा और स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध होंगे, वैसे-वैसे बाहर गए लोग भी वापस लौटकर राज्य में काम करना पसंद करेंगे।
@MUSKAN KUMARI





