भोजपुर के शाहपुर में भरत भूषण तिवारी की मौत अब सिर्फ एक पुलिस कार्रवाई का मामला नहीं रह गई है, बल्कि इसने पुलिस की कार्यप्रणाली, मानवाधिकार और कानून के दायरे को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। परिजनों ने बिहार मानवाधिकार आयोग का दरवाजा खटखटाते हुए आरोप लगाया है कि भरत ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया था, लेकिन इसके बावजूद उसे कई गोलियां मारी गईं, जिससे इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
घटना ने तब और विवाद का रूप ले लिया, जब मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पटना में कहा कि वीडियो के आधार पर उन्हें जानकारी दी गई है कि युवक को गिरफ्तार कर मानसिक रोग अस्पताल में भर्ती कराने की प्रक्रिया चल रही है। हालांकि कुछ ही घंटों बाद भरत की मौत की खबर सामने आने से सरकारी दावों और वास्तविक स्थिति के बीच विरोधाभास को लेकर बहस तेज हो गई।
घटना से पहले भरत भूषण तिवारी का एक फेसबुक लाइव वीडियो भी सामने आया, जिसमें वह खुद को बेगुनाह बताते हुए पुलिस और एसटीएफ की मौजूदगी का जिक्र करता है। वीडियो के अंतिम हिस्से में वह हथियार फेंकता दिखाई देता है, जिसके बाद प्रसारण बंद हो जाता है। इसी वीडियो के आधार पर परिजनों और ग्रामीणों का दावा है कि भरत निहत्था हो चुका था, इसलिए गोली चलाने की जरूरत नहीं थी।

वहीं पुलिस का कहना है कि हथियार फेंकने के बाद भरत ने दोबारा पिस्टल उठाकर फायरिंग की कोशिश की, जिसके जवाब में कार्रवाई की गई और गोली उसके पैर में लगी। इस मामले में यह सवाल भी उठ रहा है कि यदि भरत की मानसिक स्थिति को लेकर पहले से जानकारी थी, तो गैर-घातक विकल्पों और बातचीत जैसे उपायों को प्राथमिकता क्यों नहीं दी गई।
घटना के बाद प्रशासन ने प्रारंभिक जांच के आधार पर शाहपुर थाना के एसएचओ, एक दारोगा, एक एएसआई और चार सिपाहियों सहित कई पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया है। वरिष्ठ अधिकारियों ने पूरे ऑपरेशन की जांच शुरू कर दी है।
भरत तिवारी की मौत के बाद इलाके में भारी आक्रोश देखने को मिला। ग्रामीणों ने शव रखकर आरा-बक्सर फोरलेन को जाम कर प्रदर्शन किया और पुलिस पर आत्मसमर्पण के बाद गोली चलाने का आरोप लगाया। अब यह मामला केवल एनकाउंटर की वैधता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह जांच का विषय बन गया है कि पुलिस की कार्रवाई परिस्थितियों के अनुरूप थी या ऑपरेशन के दौरान कोई गंभीर चूक हुई। जांच और कानूनी प्रक्रिया के बाद ही इस पूरे मामले की वास्तविक तस्वीर सामने आ सकेगी।
@MUSKAN KUMARI






