गया जिले में औषधि विभाग और पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में नकली और नशीली दवाओं के बड़े रैकेट का खुलासा हुआ है। कोतवाली थाना क्षेत्र के पीपरपांती और न्यू एरिया इलाके में हुई इस छापेमारी के बाद पूरे शहर में सनसनी फैल गई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच एजेंसियां अब इसके पीछे किसी संगठित आपराधिक नेटवर्क की आशंका जता रही हैं।
सूत्रों के अनुसार, टीम ने रंजीत कुमार सिंह से जुड़े आवासीय परिसर और कार्यालय स्थल पर अचानक छापेमारी की। कार्रवाई के दौरान भारी मात्रा में नकली और नशीली दवाएं, दवा निर्माण में इस्तेमाल होने वाला कच्चा माल, पैकिंग सामग्री और कई संदिग्ध उपकरण बरामद किए गए।
जांच में यह भी सामने आया कि भवन के निचले हिस्से में पशुपालन और मत्स्य विभाग का कार्यालय संचालित हो रहा था, जबकि ऊपरी मंजिल के बंद कमरों में अवैध गतिविधियों को अंजाम दिया जा रहा था। पुलिस को मौके से दवा पैकिंग मशीनें और तकनीकी उपकरण भी मिले हैं, जिससे यह आशंका जताई जा रही है कि यहां केवल भंडारण नहीं बल्कि नकली दवाओं का उत्पादन और सप्लाई नेटवर्क संचालित किया जा रहा था।

छापेमारी के दौरान एक व्यक्ति को गिरफ्तार किए जाने की पुष्टि हुई है, हालांकि पुलिस ने फिलहाल उसकी पहचान सार्वजनिक नहीं की है। ड्रग इंस्पेक्टर और पुलिस की टीम मौके पर मौजूद रहकर बरामद सामग्री की जांच कर रही है। सभी नमूनों को वैज्ञानिक परीक्षण के लिए भेजे जाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।
इस कार्रवाई का नेतृत्व टाउन डीएसपी और कोतवाली थाना पुलिस ने किया। जैसे ही छापेमारी की खबर फैली, इलाके में लोगों की भीड़ जुट गई और पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया।
अधिकारियों का कहना है कि मामला केवल नकली दवाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि इसके तार बड़े संगठित नेटवर्क से जुड़े हो सकते हैं। पुलिस ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में इस रैकेट से जुड़े कई बड़े नामों का खुलासा हो सकता है। फिलहाल मामले की जांच जारी है और जल्द ही उच्च अधिकारियों द्वारा प्रेस कॉन्फ्रेंस कर विस्तृत जानकारी साझा की जाएगी।
@MUSKAN KUMARI






