राजधानी पटना से सटे मोकामा के मोलदियार टोला इलाके में शनिवार अहले सुबह गोलीबारी की घटना से सनसनी फैल गई। अपराधियों ने अरविंद सिंह के पुत्र कारू उर्फ निकेत कुमार को कई गोलियां मार दीं, जिससे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
घटना के बाद परिजनों और स्थानीय लोगों की मदद से घायल युवक को तत्काल स्थानीय रेफरल अस्पताल पहुंचाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे पीएमसीएच रेफर कर दिया। बताया जा रहा है कि कारू उर्फ निकेत कुमार चार दिन पहले ही दिल्ली से मोकामा लौटा था।
सूत्रों के अनुसार, “सूखे नशे” के सेवन के दौरान हुए आपसी विवाद के बाद गोलीबारी की घटना को अंजाम दिया गया। हालांकि पुलिस ने अभी तक आधिकारिक तौर पर विवाद के कारणों की पुष्टि नहीं की है और पूरे मामले की जांच जारी है। जानकारी के मुताबिक, सुबह करीब 5:30 बजे घायल युवक को लहूलुहान हालत में अस्पताल लाया गया था।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आसपास के इलाकों में छापेमारी शुरू कर दी। संदिग्धों की पहचान के लिए पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है और स्थानीय लोगों से पूछताछ की जा रही है। प्रारंभिक जांच में कुछ युवकों के बीच आपसी विवाद को गोलीबारी की वजह माना जा रहा है।
इधर बिहार में “सूखे नशे” का बढ़ता कारोबार लगातार चिंता का विषय बना हुआ है। हाल के वर्षों में गांजा, अफीम, कोडीनयुक्त सिरप और नशीली गोलियों की बड़ी खेप लगातार बरामद की जा रही है। पुलिस और एसटीएफ की कार्रवाई के बावजूद राज्य के कई जिलों में नशे का नेटवर्क तेजी से फैलता दिखाई दे रहा है।
रिपोर्टों के अनुसार, पटना समेत कई जिलों में इस वर्ष भारी मात्रा में गांजा, स्मैक, ब्राउन शुगर, मॉर्फिन और नशीले इंजेक्शन जब्त किए गए हैं। फरवरी से अप्रैल 2026 के बीच पटना में ही 60 हजार से अधिक नशीले इंजेक्शन बरामद होने की बात सामने आई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि शराबबंदी के बाद राज्य में “सूखे नशे” का कारोबार तेजी से बढ़ा है। युवाओं को निशाना बनाकर सक्रिय गिरोह इस नेटवर्क को फैलाने में जुटे हैं। ऐसे में मोकामा की यह वारदात नशे के बढ़ते कारोबार और उससे जुड़ी आपराधिक घटनाओं की गंभीर तस्वीर पेश करती है।
@MUSKAN KUMARI






