बिहार में 80वें स्वतंत्रता दिवस के मौके पर दरभंगा से चंपारण तक देशभक्ति और राष्ट्रीय गौरव का माहौल देखने को मिला। अलग-अलग जिलों में मुख्य समारोह आयोजित किए गए, जहां तिरंगा फहराकर स्वतंत्रता सेनानियों और वीर सपूतों को नमन किया गया।
दरभंगा के नेहरू स्टेडियम, लहेरियासराय में पथ निर्माण मंत्री और जिले के प्रभारी मंत्री कुमार शैलेन्द्र ने राष्ट्रीय ध्वज फहराया और परेड का निरीक्षण किया। अपने संबोधन में उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम के सेनानियों और महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि स्वतंत्रता दिवस देश के संघर्ष, त्याग और बलिदान को याद करने का दिन है। उन्होंने दरभंगा की मिथिला संस्कृति और विरासत का उल्लेख करते हुए सड़क, पुल, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और आधारभूत ढांचे के विकास का संकल्प दोहराया। समारोह में उद्योगपति और समाजसेवी कृष्ण कांत ठाकुर को उत्कृष्ट कर अनुपालन के लिए ‘भामाशाह पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया।
पश्चिम चंपारण के बेतिया स्थित बड़ा रमना मैदान में प्रभारी मंत्री लखेन्द्र कुमार रौशन ने तिरंगा फहराया। उन्होंने सरकार की विकास योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यों की जानकारी दी। समारोह में शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि और पशुपालन विभाग की झांकियां आकर्षण का केंद्र रहीं।

बगहा के विमल बाबू स्टेडियम में अनुमंडल पदाधिकारी चांदनी कुमारी ने ध्वजारोहण किया। भारत-नेपाल सीमा के वाल्मीकिनगर और सिकटा में सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी रही। प्रमुख स्थानों, बस अड्डों और वाहनों की सघन जांच की गई।
वहीं मुजफ्फरपुर के पंडित जवाहरलाल नेहरू स्टेडियम में भूमि एवं राजस्व मंत्री सह जिले के प्रभारी मंत्री दिलीप जायसवाल ने ध्वजारोहण किया। उन्होंने सरकार के 100 दिनों के कार्यकाल का जिक्र करते हुए जिले में जनहित के कई काम होने का दावा किया।
इस तरह बिहार में स्वतंत्रता दिवस समारोह तिरंगा फहराने के साथ-साथ शहीदों को नमन, विकास का संकल्प और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने के संदेश का भी अवसर बना।
@MUSKAN KUMARI





