तेहरान:
ईरान की राजधानी में 21 अप्रैल की देर रात एक असाधारण और चौंकाने वाला नजारा देखने को मिला, जब हजारों लोग सड़कों और प्रमुख चौराहों पर जुटे। हाथों में राष्ट्रीय झंडे, कंधों पर हथियार और सड़कों पर मोबाइल लॉन्चर पर रखी मिसाइलों के साथ यह दृश्य किसी सैन्य परेड से कम नहीं था।
इस शक्ति प्रदर्शन में (IRGC) के कमांडर भी मिसाइल लॉन्चरों के साथ नजर आए। सरकारी टीवी पर प्रसारित वीडियो में अमेरिका और इजरायल के खिलाफ नारेबाजी करते समर्थकों को देखा गया।
विशेषज्ञों के मुताबिक, यह प्रदर्शन ऐसे समय हुआ है जब और के बीच तनाव बढ़ा हुआ है और के साथ हालिया टकराव की स्थिति बनी हुई है। इसे एक सुनियोजित शक्ति संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।
तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति ने हाल ही में ईरान पर संभावित सैन्य कार्रवाई की चेतावनी दी थी, जिसमें उन्होंने देश के महत्वपूर्ण ढांचे को निशाना बनाने की बात कही थी। हालांकि, बाद में अमेरिका की ओर से जारी युद्धविराम को अनिश्चित समय के लिए बढ़ाने की घोषणा भी की गई।
ईरान ने इस प्रस्ताव को खारिज करते हुए कहा कि हारने वाला पक्ष शर्तें तय नहीं कर सकता। विश्लेषकों का मानना है कि सड़कों पर मिसाइलों का यह खुला प्रदर्शन केवल बाहरी देशों को चेतावनी देने के लिए नहीं, बल्कि घरेलू स्तर पर भी एक संदेश है कि देश की जनता और नेतृत्व एकजुट हैं।
इसे मनोवैज्ञानिक युद्ध (साइकोलॉजिकल वॉरफेयर) के रूप में देखा जा रहा है, जिसमें ईरान यह संकेत देने की कोशिश कर रहा है कि किसी भी संभावित हमले का वह कड़ा और प्रभावी जवाब देने के लिए तैयार है।
@MUSKAN KUMARI






