वाराणसी में रोके जाने से नाराज अनंत सिंह का बड़ा बयान, बोले- अगली बार बनारस आएंगे तो कोई नहीं रोक पाएगा!
वाराणसी/प्रयागराज: बिहार के मोकामा से विधायक अनंत सिंह का वाराणसी में प्रवेश रोके जाने का मामला अब चर्चा में है। शहर में प्रवेश की अनुमति नहीं मिलने के एक दिन बाद अनंत सिंह ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अगली बार जब वह बनारस आएंगे तो उन्हें कोई नहीं रोक पाएगा।
शनिवार को प्रयागराज में अपने पुराने मित्र के घर पहुंचे अनंत सिंह ने बीएचयू के छात्र नेता डॉ. सौरव राय से बातचीत के दौरान यह बयान दिया।
‘अगली बार कोई नहीं रोक पाएगा’
वाराणसी में प्रवेश नहीं मिलने को लेकर अनंत सिंह ने कहा,
“इस बार नहीं आ पाए। सब जेसीबी लगाकर पता नहीं कहां भाग गए थे? कोई आने ही नहीं दिया। अगली बार आएंगे, जब बुलाइएगा तब आएंगे। अब कोई नहीं रोक पाएगा।”
उनका यह बयान सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बन गया है।
100 गाड़ियों से शुरू हुआ काफिला 400 तक पहुंचा
जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार को अनंत सिंह पटना से लगभग 100 गाड़ियों के काफिले के साथ प्रयागराज के लिए निकले थे। रास्ते में आरा, बक्सर और चंदौली में उनके समर्थक भी काफिले से जुड़ते चले गए।
इससे काफिले में गाड़ियों की संख्या बढ़कर करीब 400 हो गई। शाम लगभग पांच बजे काफिला वाराणसी के डाफी इलाके में पहुंचा, जहां पुलिस ने उन्हें शहर में प्रवेश की अनुमति नहीं दी।
बीएचयू में मालवीय प्रतिमा पर करना था माल्यार्पण
अनंत सिंह का बीएचयू के प्रवेश द्वार पर स्वागत करने की योजना थी। उन्हें महामना पंडित मदन मोहन मालवीय की प्रतिमा पर माल्यार्पण करना था।
इसके अलावा उन्हें छात्र नेता डॉ. सौरव राय के घर जाकर उनकी मां से मुलाकात भी करनी थी।
सौरव राय के अनुसार, इस कार्यक्रम के लिए प्रशासन से पहले ही अनुमति मांगी गई थी। उन्होंने छह गाड़ियों को प्रवेश देने का अनुरोध भी किया था।
प्रशासन के प्रस्ताव को अनंत सिंह ने ठुकराया
सौरव राय के मुताबिक, प्रशासन की ओर से प्रस्ताव दिया गया था कि अनंत सिंह अपनी गाड़ी छोड़कर प्रशासन की गाड़ी से शहर में जाएं। हालांकि, अनंत सिंह ने इस प्रस्ताव को स्वीकार नहीं किया।
इसके बाद शाम करीब साढ़े पांच बजे उनका काफिला वाराणसी में प्रवेश किए बिना प्रयागराज के लिए रवाना हो गया। इस दौरान समर्थकों और पुलिस के बीच बहस होने की भी जानकारी सामने आई।
चंदौली में भाजपा विधायक से की मुलाकात
वाराणसी से प्रयागराज जाते समय अनंत सिंह ने चंदौली में भाजपा विधायक सुशील सिंह से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने अपनी छोटी बेटी शिवांगी की 25 नवंबर को होने वाली शादी का निमंत्रण भी दिया।
इसके बाद अनंत सिंह प्रयागराज पहुंचे और अपने पुराने मित्र पप्पू सलमान के बेटे के शादी समारोह में शामिल हुए।
अब सवाल यह है कि वाराणसी में प्रवेश को लेकर अगली बार प्रशासन और अनंत सिंह के बीच क्या स्थिति बनती है? उनके बयान ने इस पूरे घटनाक्रम को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है।
ASIAN TIMES | खबर वही, जो सवाल उठाए।
Author: Noida Desk
मुख्य संपादक (Editor in Chief)






