पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र में पिस्टल दिखाकर महिला से मांगी थी रंगदारी, जमीन कब्जाने के खेल में भी गिरोह की भूमिका आई सामने; फर्जी सेना पहचान पत्र और प्रेस कार्ड बरामद
पटना | Asian Times
बिहार की राजधानी पटना में जमीन विवाद और रंगदारी का एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र में हथियार के बल पर एक महिला से 5 लाख रुपये की रंगदारी मांगने के आरोप में पुलिस ने चार लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस की जांच में गिरोह के जमीन पर अवैध कब्जा कराने वाले नेटवर्क से जुड़े होने की बात भी सामने आई है।
घर पहुंचकर पिस्टल दिखाई, मांगे 5 लाख रुपये
जानकारी के अनुसार, 29 अक्टूबर 2026 को आरोपियों ने पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र स्थित पंकज शर्मा के घर पर पहुंचकर हथियार लहराए और पांच लाख रुपये की रंगदारी मांगी। घटना के दौरान हथियार लहराने का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था।
मामले की शिकायत मिलने के बाद पाटलिपुत्र थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई। इसके बाद पुलिस ने विशेष टीम गठित कर आरोपियों की तलाश शुरू की।
चार आरोपी गिरफ्तार
पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई है:
- विवेक कुमार – कुर्जी बालूपर, दीघा।
- शिवम सिंह उर्फ नीरज सिंह – राजीव नगर रोड नंबर 9।
- अर्पित सिंह – राजीव नगर।
- अनिल कुमार – राजीव नगर रोड नंबर 17।
पुलिस ने पहले विवेक कुमार को इंद्रपुरी नाला स्थित लोहा गेट के पास से गिरफ्तार किया। उसकी निशानदेही पर बाबा चौक के पास छापेमारी कर अन्य तीन आरोपियों को भी दबोच लिया गया।
हथियारों का जखीरा बरामद
पुलिस की छापेमारी में आरोपियों के पास से कई हथियार और अन्य सामान बरामद किए गए हैं।
- एक अवैध रिवॉल्वर
- एक पिस्टल
- एक एयरगन
- 31 जिंदा कारतूस
- 70 खोखे
- चार मोबाइल फोन
- पिस्टल कवर
- भारतीय थल सेना का पहचान पत्र
- प्रेस कार्ड
पुलिस के अनुसार, बरामद सेना का पहचान पत्र प्रथम दृष्टया फर्जी पाया गया है।
जमीन कब्जाने के खेल में भी गिरोह की भूमिका
पुलिस अनुसंधान में यह बात सामने आई है कि गिरोह कथित तौर पर भूमाफियाओं के इशारे पर विवादित जमीनों पर जबरन कब्जा कराने का काम करता था।
जांच के दौरान राजीव नगर रोड नंबर 18 में चार कट्ठा जमीन की बाउंड्री तोड़ने का मामला भी सामने आया है। आरोप है कि इस काम के लिए गिरोह को 20 हजार रुपये एडवांस दिए गए थे।
इसके अलावा, पुलिस जांच में एक स्थानीय पत्रकार की भूमिका भी संदिग्ध बताई गई है। आरोप है कि वह जमीन कब्जाने के मामलों में मध्यस्थता करता था और कथित तौर पर 33 प्रतिशत कमीशन लेता था। पुलिस उसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी कर रही है।
पुलिस क्या कह रही है?
सिटी एसपी (मध्य) चंद्रप्रकाश के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में शिवम सिंह के खिलाफ राजीव नगर थाने में आर्म्स एक्ट और हत्या के प्रयास से संबंधित चार पुराने मामले भी दर्ज हैं।
पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और कथित भूमाफियाओं की भूमिका की जांच कर रही है।
फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या पटना में जमीन कब्जाने और रंगदारी वसूलने के पीछे कोई बड़ा संगठित सिंडिकेट काम कर रहा है? पुलिस की आगे की जांच में इस नेटवर्क से जुड़े और भी नाम सामने आ सकते हैं।
पटना में जमीन कब्जाने और रंगदारी का बड़ा मामला! पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र में पिस्टल दिखाकर 5 लाख रुपये मांगने के आरोप में चार गिरफ्तार। पुलिस ने हथियारों का जखीरा, कारतूस और फर्जी सेना पहचान पत्र बरामद किया। क्या इसके पीछे कोई बड़ा भूमाफिया सिंडिकेट है?
Author: Noida Desk
मुख्य संपादक (Editor in Chief)





