गया: बिहार सरकार ने अनुग्रह नारायण मगध मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल (ANMMCH), गया को अत्याधुनिक सुपरस्पेशलिटी अस्पताल के रूप में विकसित करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि की मौजूदगी में अस्पताल के समग्र पुनर्विकास एवं पुनर्निर्माण के लिए तैयार किए जा रहे मास्टर प्लान की समीक्षा की। बैठक में आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार, नए भवनों के निर्माण और मेडिकल शिक्षा के बुनियादी ढांचे को मजबूत करने पर विस्तार से चर्चा हुई।
स्वास्थ्य मंत्री ने अधिकारियों और कार्यदायी एजेंसियों को निर्देश दिया कि मास्टर प्लान अगले 50 वर्षों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया जाए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्य गुणवत्ता, पारदर्शिता और तय समय-सीमा के अनुरूप पूरा होना चाहिए। साथ ही यह भी सुनिश्चित किया जाए कि निर्माण के दौरान अस्पताल की ओपीडी, आईपीडी और आपातकालीन सेवाएं किसी भी स्थिति में प्रभावित न हों।
मास्टर प्लान के तहत बिहार मेडिकल सर्विसेज एंड इंफ्रास्ट्रक्चर कॉरपोरेशन लिमिटेड (BMSICL) आधुनिक छात्रावास, अत्याधुनिक मॉर्चरी कॉम्प्लेक्स और पुराने हॉस्टलों के जीर्णोद्धार का कार्य करेगा। इसके अलावा अस्पताल परिसर में निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण बिजली आपूर्ति की व्यवस्था भी विकसित की जाएगी, ताकि आधुनिक चिकित्सा उपकरणों और आपातकालीन सेवाओं का संचालन बिना किसी बाधा के हो सके।

स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने कहा कि ANMMCH को भविष्य में पूर्ण विकसित सुपरस्पेशलिटी अस्पताल के रूप में तैयार किया जाएगा। इससे गया समेत पूरे मगध प्रमंडल के मरीजों को गंभीर और जटिल बीमारियों के इलाज के लिए पटना या अन्य शहरों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। स्थानीय स्तर पर ही विशेषज्ञ डॉक्टरों और आधुनिक चिकित्सा सुविधाओं का लाभ मिलेगा।
बैठक में अस्पताल के जून 2026 के प्रदर्शन की भी समीक्षा की गई। इस दौरान अस्पताल में 36,155 ओपीडी, 2,965 आईपीडी और 1,166 इमरजेंसी मरीजों का इलाज किया गया। वहीं 460 मेजर और 2,693 माइनर ऑपरेशन सफलतापूर्वक किए गए, जो अस्पताल की बढ़ती क्षमता और बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं का संकेत है।
@MUSKAN KUMARI





