पटना, 1 जुलाई 2026: बिहार मंत्रिपरिषद की बैठक में मंगलवार को कुल 29 महत्वपूर्ण एजेंडों पर मुहर लगाई गई। बैठक के बाद मंत्रिमंडल सचिवालय विभाग के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी ने प्रेस वार्ता में कैबिनेट के फैसलों की जानकारी दी। कैबिनेट ने उच्च शिक्षा, ग्रामीण रोजगार, उद्योग, पर्यटन, सड़क अवसंरचना, पंचायती राज, पर्यावरण, परिवहन और राजस्व विभाग से जुड़े कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी।
उच्च शिक्षा विभाग के तहत बिहार राज्य विश्वविद्यालय सेवा आयोग कार्य संचालन (संशोधन) नियमावली, 2026 को स्वीकृति दी गई। वहीं कला एवं संस्कृति विभाग के प्रस्ताव पर ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व-1000 वर्ष की अटूट आस्था’ के अवसर पर 20 जुलाई 2026 को लगभग 1100 श्रद्धालुओं की दो दिवसीय सोमनाथ यात्रा आयोजित करने के लिए 2.50 करोड़ रुपये की मंजूरी दी गई।
ग्रामीण विकास विभाग के अंतर्गत विकसित भारत-रोजगार एवं आजीविका गारंटी मिशन (ग्रामीण) के तहत अकुशल मजदूरों की न्यूनतम मजदूरी की नई दरों को मंजूरी दी गई। साथ ही इस योजना के संचालन के लिए बिहार रूरल डेवलपमेंट सोसाइटी को नोडल एजेंसी नियुक्त करने का फैसला लिया गया।
नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रस्ताव पर पटना नगर निगम को 200 करोड़ रुपये तक का नगर निगम बॉन्ड जारी करने की स्वीकृति मिली। परिवहन विभाग ने बिहार राज्य पथ परिवहन निगम के 31 बस डिपो और बस स्टैंड को पीपीपी मॉडल पर विकसित करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी।

उद्योग विभाग के तहत राज्य में औद्योगिक विकास और अवसंरचना विस्तार के लिए आयडा (IIDA) को 25 हजार करोड़ रुपये तक का वित्तपोषण प्राप्त करने के लिए अधिकृत किया गया। वहीं पथ निर्माण विभाग ने बिहार स्टेट रोड डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (BSRDCL) को 15 हजार करोड़ रुपये और बिहार राज्य पुल निर्माण निगम (BRPNNL) को 6 हजार करोड़ रुपये तक का वित्तपोषण जुटाने की अनुमति दी। साथ ही बिहार पथ उपयोगकर्ता शुल्क नियमावली, 2026 को भी मंजूरी दी गई।
पंचायती राज विभाग के प्रस्ताव पर 16वें वित्त आयोग की अनुशंसा के तहत वर्ष 2026-27 से 2030-31 तक मिलने वाले 51,923 करोड़ रुपये के अनुदान के वितरण एवं उपयोग को स्वीकृति प्रदान की गई।
पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के तहत पटना जू प्रबंधन एवं विकास सोसाइटी के संचालन के लिए 23 नए पदों के सृजन तथा पूर्व में सृजित 29 पदों के प्रत्यर्पण को मंजूरी दी गई। पर्यटन विभाग ने बिहार राज्य पर्यटन विकास निगम में एक अपर प्रबंध निदेशक और एक महाप्रबंधक (ऑपरेशन एवं वित्त) के पद सृजित करने का फैसला लिया।

राजस्व एवं भूमि सुधार विभाग के अंतर्गत पूर्णिया, राजगीर, मधेपुरा, मधुबनी और शेखपुरा में नए केंद्रीय विद्यालयों की स्थापना के लिए बिहार सरकार की भूमि एक रुपये के टोकन मूल्य पर 30 वर्षों की लीज पर केंद्रीय विद्यालय संगठन को देने की मंजूरी दी गई। इसके अलावा गया जिले में अमृतसर-कोलकाता इंडस्ट्रियल कॉरिडोर परियोजना के लिए भूमि हस्तांतरण तथा बिहार नौकाघाट बंदोबस्ती एवं प्रबंधन नियमावली, 2026 को भी स्वीकृति दी गई।
कैबिनेट ने बीरपुर हवाई अड्डे के विकास के लिए 88.83 एकड़ भूमि अधिग्रहण हेतु लगभग 29.57 करोड़ रुपये के अतिरिक्त मुआवजे को मंजूरी दी। वहीं गन्ना उद्योग विभाग की गन्ना यंत्रीकरण योजना और बीज विकास योजना के लिए भी करोड़ों रुपये के व्यय को स्वीकृति प्रदान की गई।
इसके अलावा सूचना एवं जनसंपर्क विभाग की बिहार बाह्य विज्ञापन नियमावली, 2026, खान एवं भूतत्व विभाग की ई-नीलामी व्यवस्था, कारा विभाग के तहत बक्सर स्थित वामन भगवान मंदिर के विकास, तथा विधि विभाग के तहत भोजपुर व्यवहार न्यायालय परिसर में न्यायिक आवास निर्माण की संशोधित प्रशासनिक स्वीकृति सहित कई अन्य प्रस्तावों पर भी कैबिनेट ने मुहर लगाई।
इन फैसलों के जरिए राज्य सरकार ने शिक्षा, रोजगार, औद्योगिक निवेश, बुनियादी ढांचे, धार्मिक पर्यटन, स्थानीय निकायों और ग्रामीण विकास को नई गति देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाए हैं।
@MUSKAN KUMARI






