बिहार के गया जिले के डोभी प्रखंड के बजौरा गांव में जमीन किराये पर देने के बाद विवाद का मामला सामने आया है। जमीन मालिक मुरली मनोहर लाल ने आरोप लगाया है कि जिन लोगों को उन्होंने कोयला डिपो चलाने के लिए अपनी जमीन किराये पर दी थी, वे पिछले छह महीने से किराया नहीं दे रहे हैं। किराया मांगने पर उनके साथ मारपीट, नगदी छीनने और जान से मारने की धमकी दी गई। पीड़ित ने मामले में मगध क्षेत्र के आईजी विकास वैभव से न्याय की गुहार लगाई है।
पीड़ित के अनुसार, उन्होंने अपनी जमीन सुमन कुमार यादव, धनंजय कुमार और रितिक कुमार यादव को किराये पर दी थी। जब उन्होंने एग्रीमेंट के अनुसार किराया देने और तय स्थान पर वाहन खड़ा करने की बात कही, तो आरोपित कथित तौर पर भड़क गए। मुरली मनोहर लाल का आरोप है कि आरोपित हथियारों के साथ उनके घर में घुसे, मारपीट की, नगदी छीन ली और पूरे परिवार को जान से मारने की धमकी दी।

पीड़ित ने 27 जुलाई को डोभी थाना में लिखित शिकायत देकर एफआईआर दर्ज करने की मांग की। उनका आरोप है कि कार्रवाई करने के बजाय थानाध्यक्ष समझौते का दबाव बनाने लगे और समझौता नहीं करने पर एससी-एसटी एक्ट में फंसाने की धमकी जैसी बातें कहीं। इससे उन्हें स्थानीय पुलिस की निष्पक्षता पर संदेह हुआ।
स्थानीय स्तर पर कार्रवाई नहीं होने पर मुरली मनोहर लाल ने आईजी विकास वैभव से मुलाकात कर पूरे मामले की शिकायत की। उन्होंने आरोपितों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के साथ डोभी थानाध्यक्ष पर भी विभागीय कार्रवाई की मांग की है।
पीड़ित के मुताबिक, आईजी ने मामले का संज्ञान लेते हुए डोभी थानाध्यक्ष से सात दिनों के भीतर विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। फिलहाल मामला जांच के अधीन है और पुलिस जांच के बाद ही आरोपों की आधिकारिक पुष्टि हो सकेगी।
@MUSKAN KUMARI





