दिल्ली हाईकोर्ट का ACP मनस्वी वशिष्ठ मामले में बड़ा रुख, 6 नवंबर को PIL पर सुनवाई

 

दिल्ली हाईकोर्ट ने ACP मनस्वी वशिष्ठ मामले में स्वतः संज्ञान लेने से किया इनकार, वकीलों से कहा– पहले याचिका दाखिल करें
नई दिल्ली। दिल्ली पुलिस और वकीलों के बीच जारी विवाद अब कानूनी मोड़ लेता दिखाई दे रहा है। दिल्ली हाईकोर्ट ने दिल्ली पुलिस की ACP मनस्वी वशिष्ठ पर वकीलों के खिलाफ कथित धमकी भरी और अपमानजनक टिप्पणियां करने के मामले में स्वतः संज्ञान लेने से इनकार कर दिया। अदालत ने वकीलों से कहा कि वे इस मामले में औपचारिक याचिका दाखिल करें। याचिका आने के बाद अदालत इस पर विचार करेगी।
मंगलवार, 3 नवंबर को इस मामले का उल्लेख दिल्ली हाईकोर्ट की कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश नितिन वासुदेव सांब्रे और न्यायमूर्ति संजय शर्मा की पीठ के सामने किया गया था। वकीलों ने अदालत से मामले में हस्तक्षेप करने और स्वतः संज्ञान लेने की मांग की थी।
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, दिल्ली के शाहदरा पुलिस थाने में 23 अक्टूबर को एक वकील के साथ कथित मारपीट की घटना के बाद पुलिस और वकीलों के बीच विवाद शुरू हुआ था। वकीलों का आरोप था कि मामले को लेकर पुलिस अधिकारियों ने उनके साथ दुर्व्यवहार किया और धमकी भरी भाषा का इस्तेमाल किया।

इस विवाद के विरोध में दिल्ली की विभिन्न जिला अदालतों केवकीलों ने अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी थी। बाद में ACP मनस्वी वशिष्ठ और शाहदरा थाना प्रभारी इंस्पेक्टर अरुण कुमार के तबादले के बाद 28 अक्टूबर को वकीलों ने हड़ताल वापस ले ली थी।

पुलिस मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन और ACP का निलंबन
2 नवंबर को दिल्ली पुलिस मुख्यालय के बाहर पुलिसकर्मियों ने अधिकारियों के तबादले के विरोध में प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन में ACP मनस्वी वशिष्ठ भी शामिल हुई थीं। इसके बाद उनके खिलाफ अनुशासनहीनता के आरोप में निलंबन की कार्रवाई की खबर सामने आई।
अब 6 नवंबर को हाईकोर्ट में सुनवाई
इस मामले में 4 नवंबर को एक नया घटनाक्रम सामने आया। ACP मनस्वी वशिष्ठ और दिल्ली पुलिस के कुछ अन्य अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग वाली जनहित याचिका (PIL) पर दिल्ली हाईकोर्ट ने शुक्रवार, 6 नवंबर को सुनवाई करने पर सहमति जताई है।
याचिका में वकीलों की सुरक्षा, पेशेवर स्वतंत्रता और कथित धमकी भरे बयानों की जांच की मांग की गई है।
अब सभी की निगाहें शुक्रवार को होने वाली सुनवाई पर टिकी हैं। देखना होगा कि अदालत इस विवाद में आगे क्या रुख अपनाती है।
नोट: वकीलों की ओर से लगाए गए आरोप अभी आरोप हैं। अदालत ने इन आरोपों को सही घोषित नहीं किया है।

Noida Desk
Author: Noida Desk

मुख्य संपादक (Editor in Chief)

Share this post:

खबरें और भी हैं...

लाइव क्रिकट स्कोर
[the_ad_group id="65"]
मौसम अपडेट
राशिफल