पटना | एशियन टाइम्स ब्यूरो
बिहार की सियासत एक बार फिर गरमा गई है। सांसद पप्पू यादव ने मीडिया के सामने आकर गंभीर आरोप लगाए हैं। उन्होंने कहा कि बिहार में आज भी कुछ ऐसे अधिकारी हैं, जिनकी वजह से वे “मरने से बच गए”, लेकिन उनकी जान को अब भी खतरा बना हुआ है।
पप्पू यादव ने दावा किया कि रविवार के दिन उन्हें जेल में एक बोतल पानी तक नहीं दिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि जेल में उनके साथ अमानवीय व्यवहार किया गया और उनकी हत्या की साजिश रची गई।
उन्होंने कहा,
“मैं एक सांसद हूं, लेकिन मुझे कोई विशेष सुविधा नहीं मिली। उल्टा मुझे मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित किया गया। जेल में मुझे मारने की कोशिश की गई। कुछ डॉक्टर भी इसमें शामिल थे।
सम्राट चौधरी से लगाई गुहार
Samrat Choudhary का नाम लेते हुए पप्पू यादव ने कहा कि उन्होंने उनसे न्याय की गुहार लगाई है।“जेल में मुझे मारने की साजिश हुई, आज भी जान को खतरा” पप्पू यादव का सनसनीखेज दावा
उनका आरोप है कि
“मेरे साथ जो हो रहा है, वह सही नहीं है। क्या सिर्फ यादव होने की वजह से मुझे निशाना बनाया जा रहा है?”
उन्होंने राज्य सरकार से निष्पक्ष जांच और सुरक्षा की मांग की।
अमिताभ दास का पलटवार: “नीट छात्रा को इंसाफ दिलाकर रहूंगा”
वहीं दूसरी ओर, सामाजिक कार्यकर्ता अमिताभ दास ने भी बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के बेटे Nishant Kumar पर गंभीर आरोप लगे हैं और “सांभू गर्ल्स हॉस्टल” में नीट की एक छात्रा के साथ अन्याय हुआ है।
अमिताभ दास ने कहा,
“मैं नीट की छात्रा को इंसाफ दिलाकर रहूंगा। चाहे मामला कितना भी बड़ा क्यों न हो, दोषियों को सजा मिलनी चाहिए।”
(नोट: इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी तक नहीं हुई है।)
सियासत में बढ़ी हलचल
इस पूरे घटनाक्रम के बाद बिहार की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। विपक्ष जहां सरकार पर हमलावर है, वहीं सत्ताधारी दल इन आरोपों को राजनीति से प्रेरित बता रहा है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले दिनों में यह मुद्दा और तूल पकड़ सकता है, खासकर यदि इसकी जांच किसी उच्च स्तरीय एजेंसी को सौंपी जाती है।
एशियन टाइम्स की अपील
एशियन टाइम्स इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं करता। प्रशासन और संबंधित पक्षों का आधिकारिक पक्ष सामने आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।
Author: Noida Desk
मुख्य संपादक (Editor in Chief)





