पर्यावरण-अनुकूल सार्वजनिक परिवहन को बढ़ावा देने के लिए नोएडा अथॉरिटी जल्द ही 500 ई-बसों का संचालन शुरू करेगी, जो नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र में चलेंगी — परियोजना का उद्देश्य भीड़-भाड़ और प्रदूषण को कम करना है।
नोएडा अथॉरिटी ने 500 इलेक्ट्रिक बसों की योजना को मंजूरी दे दी है, जो इस क्षेत्र में सार्वजनिक परिवहन की तस्वीर बदल देगी। इन बसों के जुलाई-अगस्त 2026 के बीच चरणबद्ध तरीके से परिचालन शुरू होने की संभावना है। यह परियोजना पर्यावरण-अनुकूल मोबिलिटी को बढ़ावा देने के साथ यात्रियों के लिए किफायती और सुविधाजनक यातायात विकल्प भी प्रदान करेगी।
प्राधिकरण के अधिकारियों ने बताया है कि बस सेवा के लिए एक स्पेशल पर्पज़ व्हीकल (SPV) बनाकर इसका संचालन किया जाएगा। शुरुआत में कुछ रूटों पर 100 बसें चलेंगी और बाद में क्रमशः सभी 500 बसों को शामिल किया जाएगा। इन बसों का मुख्य उद्देश्य यात्रियों को लगभग 10-मिनट के अंतराल पर सेवा उपलब्ध कराना है, ताकि पैसेंजर-फ्रेंडली और नियमित सार्वजनिक परिवहन सुनिश्चित किया जा सके।
रूट नेटवर्क में नोएडा, ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे के प्रमुख क्षेत्रों को शामिल किया जाएगा, जिसमें शशि चौक से ऐस सिटी, कासना गांव से शारदा यूनिवर्सिटी, बॉटैनिकल गार्डन और ग्रीटर नोएडा वेस्ट के बीच अहम मार्ग शामिल हैं। इन बसों से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट (जेवर) की कनेक्टिविटी मजबूत होने की उम्मीद है।
परियोजना से वाहन-आधारित प्रदूषण में कमी, सार्वजनिक परिवहन की पहुंच बढ़ाने और यात्रियों की सुविधा में सुधार होने की संभावना है। स्थानीय नागरिकों एवं पर्यावरण विशेषज्ञों ने इस कदम का स्वागत किया है और इसे हरित मोबिलिटी के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण बताया है।
@MUSKAN KUMARI






