पटना: मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव के बीच एलपीजी संकट की आशंकाओं के बीच बिहार सरकार ने शादी-ब्याह वाले परिवारों को बड़ी राहत दी है। नीतीश कुमार सरकार ने निर्देश जारी करते हुए कहा है कि अब विवाह समारोहों में गैस सिलेंडर की कमी नहीं होने दी जाएगी।
खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री लेशी सिंह ने बताया कि सभी जिलों को निर्देश दिया गया है कि जिन परिवारों में शादी है, उन्हें उपलब्धता के आधार पर कमर्शियल गैस सिलेंडर दिया जाए। इसके साथ ही घरेलू एलपीजी सिलेंडर की आपूर्ति भी 4 से 5 दिनों के भीतर सुनिश्चित की जा रही है।
सरकार का यह फैसला ऐसे समय में आया है, जब खरमास समाप्त होने के बाद राज्य में शादी-ब्याह का सीजन शुरू होने जा रहा है। 20 अप्रैल से वैवाहिक मुहूर्त शुरू होंगे और अप्रैल-मई में शादियों की संख्या बढ़ने की उम्मीद है।
दरअसल, अमेरिका-ईरान तनाव और मिडिल ईस्ट संकट के चलते एलपीजी सप्लाई प्रभावित हुई है। इसके बाद कमर्शियल सिलेंडर महंगे हो गए और घरेलू गैस के व्यावसायिक इस्तेमाल पर सख्ती बढ़ाई गई है, जिससे बाजार में किल्लत की स्थिति बनी।
गैस की कमी और बढ़ी कीमतों का असर कैटरिंग व्यवसाय पर भी पड़ा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, शादी समारोहों में भोज का खर्च 15 से 20 प्रतिशत तक बढ़ गया है। कई परिवार खर्च कम करने के लिए मेन्यू सीमित कर रहे हैं और अतिरिक्त आइटम हटा रहे हैं।
सरकार ने होटल, रेस्टोरेंट और ढाबा संचालकों के लिए कमर्शियल गैस कनेक्शन का पंजीकरण अनिवार्य कर दिया है। बिना रजिस्ट्रेशन अब किसी भी व्यावसायिक प्रतिष्ठान को गैस सिलेंडर नहीं मिलेगा।
सरकार का कहना है कि इस फैसले से शादी वाले परिवारों को राहत मिलेगी और समारोहों में किसी तरह की बाधा नहीं आएगी।
@MUSKAN KUMARI






