इतिहास रचा बीजेपी-महतूति ने: 45 साल में पहली बार मुंबई पर ‘भगवा’ बादशाहत, मेयर की कुर्सी किसके नाम?

आज मुंबई महानगरपालिका (BMC) चुनाव के परिणामों ने राजनीतिक समीकरण बदल दिए हैं। 25 सालों तक उद्धव ठाकरे की शिवसेना-प्रमुख सत्ता के बाद 45 साल में पहली बार भाजपा-नेतृत्व वाली महायुति गठबंधन मुंबई की सत्ता पर काबिज दिख रही है, जिससे अब शहर में बीजेपी का मेयर बनने की राह साफ़ हुई है।

गणतंत्र की सबसे समृद्ध नगरनिगम में 114 सदस्यीय बहुमत हासिल कर महायुति गठबंधन ने BJP को सबसे बड़ी पार्टी के रूप में उभारा है, जबकि शिवसेना (UBT)-बंधु मोर्चा पिछड़ते नजर आ रहे हैं।

अब राजनीतिक सूत्रों की नजर यह पर है कि भाजपा किसे अपना मेयर उम्मीदवार बनाती है। पार्टी के भीतर नामों पर मंथन चल रहा है, जिसमें अनुभवी तथा स्थानीय राजनीति के जानकारों को प्राथमिकता मिल सकती है। इस बार मेयर का चुनाव भी चार साल के विलंब के बाद होने जा रहा है, क्योंकि पिछले नगरसेवक मंडल की अवधि 2022 में ख़त्म हो चुकी है।

राजनीतिक विश्लेषक मानते हैं कि यह जीत ना सिर्फ मुंबई की सियासत को प्रभावित करेगी, बल्कि महाराष्ट्र के शहरी क्षेत्रों में भाजपा-महायुति की पकड़ को और मजबूत करेगी।

मुख्य बिंदु:

•बीएमसी चुनाव 2026 में महायुति (बीजेपी-शिवसेना शिंदे) गठबंधन का प्रचंड प्रदर्शन।

•शिवसेना (UBT) एवं अन्य विपक्षी दलों का पिछड़ना।

•चार साल बाद मुंबई में नया मेयर नियुक्त होने वाला है।

NCRLOCALDESK
Author: NCRLOCALDESK

Share this post:

खबरें और भी हैं...

लाइव क्रिकट स्कोर
मौसम अपडेट
राशिफल