नई दिल्ली। संसद के मानसून सत्र में सोमवार को बिहार के विशेष मतदाता सूची पुनरीक्षण (एसएसआर) के मुद्दे पर हंगामा जारी रहा। कांग्रेस अध्यक्ष और राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने आरोप लगाया कि इंडिया गठबंधन के सांसद चुनाव आयोग को ज्ञापन देने जा रहे थे, लेकिन उन्हें रोक दिया गया और मिलने की अनुमति नहीं दी गई।
राज्यसभा में बोलते हुए खड़गे ने कहा, “हम चुनाव आयोग को ज्ञापन देकर मतदाता सूची में गड़बड़ी और धांधली के मामले में शिकायत करना चाहते थे, लेकिन हमें रोका गया। यह जनता के लोकतांत्रिक अधिकारों पर सीधा हमला है।” उन्होंने सभापति से इस मामले में गंभीरता से विचार करने की मांग की।
इस दौरान सदन में हंगामा तेज हो गया और खड़गे का माइक्रोफोन ऑफ कर दिया गया। विपक्षी सांसदों ने आरोप लगाया कि भाजपा जानबूझकर विपक्ष की आवाज को दबा रही है और लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं में बाधा डाल रही है।
सोमवार को इंडिया गठबंधन के नेताओं, जिनमें राहुल गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे, तेजस्वी यादव, अखिलेश यादव, संजय सिंह और अन्य शामिल थे, ने बिहार में मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण के खिलाफ चुनाव आयोग मुख्यालय तक मार्च निकालने का प्रयास किया। दिल्ली पुलिस ने इन्हें रोकने और हिरासत में लेने की कोशिश की।
विपक्षी दलों का आरोप है कि बिहार में मतदाता सूची में व्यापक स्तर पर हेरफेर हुआ है, जिससे भाजपा को चुनावी लाभ पहुंचाने की कोशिश की जा रही है।

Author: Bihar Desk
मुख्य संपादक (Editor in Chief)